Skip to main content

नई शिक्षा नीति को कामयाबी से लागू करने हेतु शिक्षकों की दशा और दिशा बदलने की जरूरत है- प्रो शिशिर दुबे


 नई शिक्षा नीति को कामयाबी से लागू करने हेतु शिक्षकों की दशा और दिशा बदलने की जरूरत है- प्रो शिशिर दुबे


 सर्वजन हिताय संरक्षण समिति के तत्वावधान में शिक्षक दिवस संगोष्ठी में मुख्य अतिथि के रुप में बोलते हुए आईआईटी खड़गपुर के पूर्व निदेशक और विख्यात शिक्षाविद प्रोफेसर शिशिर कुमार दुबे ने कहा कि नई शिक्षा नीति की धरातल पर सफलता तभी सुनिश्चित की जा सकती है जब शिक्षकों की दशा और दिशा में सार्थक सुधार किया जाए।            
                 उन्होंने कहा कि बेसिक और माध्यमिक शिक्षा की बात छोड़ दीजिए यहां तक कि उच्च शिक्षण संस्थानों में शिक्षकों की भारी कमी है।उन्होंने कहा आईआईटी तक में शिक्षकों के 20% पद खाली पड़े हैं और दिल्ली जैसे विश्वविद्यालय में 40% से अधिक पद खाली है। शिक्षण की खराब हालत में आमूलचूल परिवर्तन किए बिना कोई भी शिक्षा नीति बना ली जाए बुनियादी परिवर्तन संभव नहीं है। उन्होंने डॉक्टर सर्वपल्ली राधाकृष्णन के जीवन पर प्रकाश डालते हुए उन्हें शिक्षकों के लिए आदर्श पथ प्रदर्शक बताया और केंद्र और राज्य सरकारों से अपेक्षा की कि  शिक्षा का पेशा एक गरिमामय पेशा है और इसकी गरिमा बनाए रखने हेतु शिक्षकों की गरिमा का ध्यान रखना बहुत जरूरी है।                    
                 सर्वजन हिताय संरक्षण समिति के अध्यक्ष शैलेंद्र दुबे ने शिक्षक दिवस पर सभी शिक्षकों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि शिक्षक ही है जिसे चुनाव से लेकर कोविड-19 महामारी के दौरान भी हर काम के लिए तैनात किया जा रहा है। स्कूल बंद है किंतु शिक्षक आ रहे हैं और उनसे शिक्षण के अलावा अन्य सभी कार्य लिए जा रहे हैं। यह किसी प्रकार उचित नहीं है।        
                  आईआईटी दिल्ली के  प्रोफ़ेसर मैथिलीशरण ने ऑनलाइन संगोष्ठी को संबोधित किया और शिक्षक दिवस पर शिक्षकों के महत्व पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम का संचालन समिति की महिला प्रकोष्ठ की अध्यक्ष रीना त्रिपाठी ने किया। समिति की बेसिक शिक्षा इकाई की महिला प्रकोष्ठ की अध्यक्ष निशा सिंह ने शिक्षक दिवस पर विचार प्रकट किये तथा शिक्षकों को अपने नैतिक बल को ऊंचा रखने के लिए ईमानदारी से काम करने तथा अपने हक और अधिकार के लिए जागरूक रहने की सलाह दी।गूगल मीट के जरिए ऑनलाइन हुई संगोष्ठी  में बड़ी संख्या में शिक्षकों ने प्रतिभाग किया। जिनमें मुख्यत बेसिक शिक्षा परिषद की अध्यक्ष निशा सिंह ,वंदना द्विवेदी ,नेहा सिंह ,छाया सिंह, सुनीता टंडन ,अमिता सचान ,आस्था सिंह, कालिंदी रघुवंशी, प्रीति त्रिवेदी ,रीना गुप्ता, सुमन गुप्ता, सुषमा तिवारी ,तृप्ति भदोरिया, उर्मिला देवी वर्मा के साथ सर्वजन हिताय संरक्षण समिति के महामंत्री अनिल सिंह , शांतनु दीक्षित,पवन कुमार,अजय कुमार पाल बस्ती से नारायण सारस्वत अलीगढ़ अध्यक्ष, रंजीत सिंह रावत ,शिव शंकर राय , शोभित रस्तोगी, सविता सिंह, अनुपमा श्रीवास्तव, विजयलक्ष्मी सिंह,इत्यादि  शिक्षक उपस्थित हुए।
 ___________________________________
रिपोर्ट-समीप श्री.

Popular posts from this blog

राष्ट्र की एकता और अखंडता को पुरुषार्थ करते हैं देश के जवान - डॉ० अमरेंद्र

राष्ट्र की एकता और अखंडता को पुरुषार्थ करते हैं देश के जवान - डॉ० अमरेंद्र  ,◾छात्रों को संस्कारपरक शिक्षा के साथ भविष्य उज्जवल करना ही एकमात्र लक्ष्य - श्रीमती हर्षिता पांडेय, उप प्रबंधिका ◾बच्चों को देश के संविधान की रक्षा करने का दिया गया संकल्प - आलोक श्रीवास्तव, प्रधानाचार्य ◾हरिहरपुर, संतकबीरनगर। सीबीएसई बोर्ड, नई दिल्ली से संबद्ध के०एस० पांडेय पब्लिक एकेडमी पर सोमवार को गणतंत्र दिवस बड़े ही धूमधाम से मनाया गया। विद्यालय पर प्रातःकाल से ही बच्चों द्वारा रंगोली, देश के मानचित्र और प्रभात फेरी के साथ इस गणतंत्र दिवस की शुरूआत की गई। विद्यालय के प्रबंध निदेशक डॉ० अमरेंद्र भूषण पाण्डेय एवं प्रबंध निदेशिका श्रीमती हर्षिता पांडेय के द्वारा सर्वप्रथम मां सरस्वती, भारत माता एवं महापुरुषों की प्रतिमाओं पर पुष्पार्चन कर कार्यक्रम की शुरूआत की गई। तदोपरांत ध्वजा रोहण एवं तिरंगे को सलामी देकर सभी बच्चों ने राष्ट्रीय गान गाया। एकेडमी के छात्र एवं छात्राओं ने अपने देश के मानचित्र की कलाकृति बनाकर सबको आश्चर्यचकित कर दिया। विद्यालय के प्रबंध निदेशक एवं पूर्व विधानसभा खलीलाबाद प्...

गोरक्षनगरी में आहूत बैठक में कायस्थ शिरोमणी रतन ने दहाड़ा,बिना एक हुए कायस्थ समाज को स्थापित करना संभव नही

गोरक्षनगरी में आहूत बैठक में कायस्थ शिरोमणी रतन ने दहाड़ा,बिना एक हुए कायस्थ समाज को स्थापित करना संभव नही  समाचार: गोरखपुर में आयोजित अखिल भारतीय कायस्थ महासभा की समीक्षा बैठक का आयोजन हुआ।  कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रदेश अध्यक्ष इंद्रसेन श्रीवास्तव जी ने की और अपने विचारों को संगठन के पदाधिकारियों से साझा किया। उन्होंने कायस्थ शिरोमणी रतन श्रीवास्तव को अन्य मंडल की जिम्मेदारी भी सौंपी और कहा आदरणीय छोटे भाई रतन सिर्फ नाम के ही नही बल्कि अपने कार्यशैली से अपने नाम को चरित्राथ किया है ये वास्तव में प्रदेश के रतन है इनके नेतृत्व में कायस्थ समाज जो एकता के स्वरूप को पाया है वह काबिले तारीफ़ है।आगे उन्होंने भाजपा  का धन्यवाद दिया की आज कायस्थ कुल के नवीन नितिन जी को राष्ट्रीय नेतृत्व सौंपा गया है । समीक्षा  के क्रम में प्रदेष महामंत्री श्याम मोहन श्रीवास्तव जी  ने जनपद बस्ती , संतकबीरनगर, गोरखपुर, महाराजगंज, देवरिया, सिद्धार्थनगर आदि जनपदों से  आए जिलाध्यक्षों से संगठन संबंधित चर्चा की और अत्यधिक सदस्यता अभियान पर जोर दिया। प्रदेश उपाध्यक्ष कायस्थ शिरोमणी रतन श...

किशोर स्‍वास्‍थ्‍य कार्यक्रमों से बढ़ा किशोरों का आत्‍मविश्‍वास

* किशोर स्‍वास्‍थ्‍य कार्यक्रमों से बढ़ा किशोरों का आत्‍मविश्‍वास* -    माहवारी स्‍वच्‍छता स्‍कीम से 3.43 करोड़ किशोरियों को मिले सेनेटरी नैपकिन -    52.15 लाख किशोरों को मिली क्लिनिकल सलाह, 7947 किशोर क्‍लीनिक खुले *संतकबीरनगर।* किशोर स्‍वास्‍थ्‍य कार्यक्रमों से किशोरों के अन्‍दर आत्‍मविश्‍वास बढ़ा है। किशोरों के स्‍वास्‍थ्‍य सम्‍बन्‍धी जरुरतों को पूरा करने के लिए जहां विविध योजनाएं चलाई जा रही हैं। वहीं उनके अन्‍दर आत्‍मविश्‍वास पैदा करने के लिए विविध योजनाएं चलाई जा रही हैं। स्‍वस्‍थ युवा ही स्‍वस्‍थ भारत का निर्माण कर सकते हैं, इस बात को ध्‍यान में रखते हुए राष्‍ट्रीय स्‍तर पर विविध कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। भारत सरकार के स्‍वास्‍थ्‍य एवं परिवार कल्‍याण मन्‍त्रालय के विशेष बुलेटिन के हवाले से जिला सर्विलांस अधिकारी डॉ ए के सिन्‍हा ने विविध जानकारियां साझा कीं। *राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरकेएसके)* किशोरों के स्वास्थ्य संबंधी जरूरतें पूरी करने के लिए भारत सरकार के इस कार्यक्रम के तहत विविध योजनाएं चलाई जा रही हैं। *माहवारी स्वच्छता स्...